पटना। उच्च शिक्षा से जुड़े UGC के नए नियमों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा और अहम फैसला सुनाया है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस ज्योमाल्या बागची की पीठ ने इन नियमों को अस्पष्ट बताते हुए उन पर तत्काल रोक लगा दी है। कोर्ट ने कहा कि नए नियमों के दुरुपयोग की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही केंद्र सरकार से इस मामले में जवाब भी तलब किया गया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 19 मार्च को होगी। कोर्ट के आदेश के अनुसार, फिलहाल UGC के 2012 के पुराने नियम ही लागू रहेंगे।
भाजपा कार्यालय में सहयोग कार्यक्रम, मंत्रियों ने सुनी जनता की समस्या
इधर पटना में भाजपा कार्यालय में आयोजित सहयोग कार्यक्रम को लेकर बिहार सरकार के पर्यटन मंत्री अरुण शंकर ने कहा कि यह कार्यक्रम आम लोगों की समस्याओं को सुनकर तत्काल समाधान के लिए आयोजित किया जाता है। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के दौरान कृषि मंत्री रामकृ पाल ने भी लोगों की शिकायतें सुनीं और संबंधित विभाग के अधिकारियों से बात कर समस्याओं का निपटारा कराया।
UGC नियमों पर सियासत भी तेज
यूजीसी नियमों में बदलाव को लेकर सवर्ण समाज के विरोध पर मंत्री अरुण शंकर ने कहा कि केंद्र सरकार “सबका साथ, सबका विकास” की नीति पर काम करती है। उन्होंने याद दिलाया कि सवर्ण समाज को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला भी केंद्र सरकार ने ही लिया था।
मंत्री ने कहा कि अगर UGC बिल को लेकर कोई समस्या है, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सभी पहलुओं को देखकर निर्णय लेंगे। वहीं विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम ही मुद्दों को उलझाना है, क्योंकि उनके पास कोई ठोस एजेंडा नहीं है।
पटना। उच्च शिक्षा से जुड़े UGC के नए नियमों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा और अहम फैसला सुनाया है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस ज्योमाल्या बागची की पीठ ने इन नियमों को अस्पष्ट बताते हुए उन पर तत्काल रोक लगा दी है। कोर्ट ने कहा कि नए नियमों के दुरुपयोग की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही केंद्र सरकार से इस मामले में जवाब भी तलब किया गया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 19 मार्च को होगी। कोर्ट के आदेश के अनुसार, फिलहाल UGC के 2012 के पुराने नियम ही लागू रहेंगे।
भाजपा कार्यालय में सहयोग कार्यक्रम, मंत्रियों ने सुनी जनता की समस्या
इधर पटना में भाजपा कार्यालय में आयोजित सहयोग कार्यक्रम को लेकर बिहार सरकार के पर्यटन मंत्री अरुण शंकर ने कहा कि यह कार्यक्रम आम लोगों की समस्याओं को सुनकर तत्काल समाधान के लिए आयोजित किया जाता है। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के दौरान कृषि मंत्री रामकृ पाल ने भी लोगों की शिकायतें सुनीं और संबंधित विभाग के अधिकारियों से बात कर समस्याओं का निपटारा कराया।
UGC नियमों पर सियासत भी तेज
यूजीसी नियमों में बदलाव को लेकर सवर्ण समाज के विरोध पर मंत्री अरुण शंकर ने कहा कि केंद्र सरकार “सबका साथ, सबका विकास” की नीति पर काम करती है। उन्होंने याद दिलाया कि सवर्ण समाज को 10 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला भी केंद्र सरकार ने ही लिया था।
मंत्री ने कहा कि अगर UGC बिल को लेकर कोई समस्या है, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सभी पहलुओं को देखकर निर्णय लेंगे। वहीं विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम ही मुद्दों को उलझाना है, क्योंकि उनके पास कोई ठोस एजेंडा नहीं है।


Journalist खबरीलाल














