स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव की सफाई पर आलोक दुबे ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि "आदरणीय टीएस सिंहदेव जी आप मेरी और इशारा करके बोल रहे हैं कि राहुल जी के दौरे के पहले मैं किसी के इशारे पर यह आरोप लगा रहा हूं... तो आपको बता दूं ब्राह्मण का बच्चा हूं... दिग्विजय सिंह के राज में आप लोगों के द्वारा जमीन की जो हेराफेरी की गई है, मैं साल 2015 से इस मामले को लगातार दस्तावेज के साथ उठाता रहा हूं।"
उन्होंने राष्ट्रीय अभिलेखागार, नगर निगम के मास्टर प्लान और सरगुजा कलेक्ट्रेट के जमीन से संबंधित दस्तावेजों के रिकॉर्ड्स के आधार पर यह आरोप लगाया है। उनका कहना है कि टीएस सिंहदेव और उनके परिवार ने अंबिकापुर निगम क्षेत्र के भीतर तालाब, स्कूल और अन्य सामाजिक उपयोग की जमीनों को न जाने किस नियम के तहत पहले अपने नाम करा लिया। और फिर बाद में उसको अलग अलग लोगों को बेच दिया।
स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव की सफाई पर आलोक दुबे ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि "आदरणीय टीएस सिंहदेव जी आप मेरी और इशारा करके बोल रहे हैं कि राहुल जी के दौरे के पहले मैं किसी के इशारे पर यह आरोप लगा रहा हूं... तो आपको बता दूं ब्राह्मण का बच्चा हूं... दिग्विजय सिंह के राज में आप लोगों के द्वारा जमीन की जो हेराफेरी की गई है, मैं साल 2015 से इस मामले को लगातार दस्तावेज के साथ उठाता रहा हूं।"
उन्होंने राष्ट्रीय अभिलेखागार, नगर निगम के मास्टर प्लान और सरगुजा कलेक्ट्रेट के जमीन से संबंधित दस्तावेजों के रिकॉर्ड्स के आधार पर यह आरोप लगाया है। उनका कहना है कि टीएस सिंहदेव और उनके परिवार ने अंबिकापुर निगम क्षेत्र के भीतर तालाब, स्कूल और अन्य सामाजिक उपयोग की जमीनों को न जाने किस नियम के तहत पहले अपने नाम करा लिया। और फिर बाद में उसको अलग अलग लोगों को बेच दिया।



Journalist खबरीलाल














