रायपुर । छत्तीसगढ़ के औद्योगिक
क्षेत्रों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए 10 प्रतिशत जमीन आरक्षित की
जाएगी। इस वर्ष गणतंत्र दिवस के अवसर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसकी घोषणा
की थी। वहीं, इस महीने की पहली तारीख को हुई कैबिनेट ने भी इस पर मुहर
लगाई है। इसके आधार पर उद्योग विभाग ने गुरुवार को इस संबंध में आदेश जारी
कर दिया है।
ओबीसी वर्ग के लोगों में उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए
सरकार ने यह फैसला लिया है। ओबीसी के लिए औद्योगिक जमीन आरक्षित करने के
साथ भू-प्रीमियम दर में 10 प्रतिशत दर और एक प्रतिशत भू-भाटक पर उपलब्ध
कराने की घोषणा मुख्यमंत्री ने की है। इस पर अमल के लिए औद्योगिक नीति
2019-24 में संशोधन करते हुए अधिसूचना जारी कर दी गई है।
वाणिज्य एवं
उद्योग विभाग की अधिसूचना के अनुसार राज्य के औद्योगिक क्षेत्रों में
उद्योग विभाग और छत्तीसगढ़ स्टेट इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड
के माध्यम से विकसित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में उद्योग व सेवा उद्यम
स्थापना के लिए ओबीसी वर्ग के लिए जमीन आरक्षित की जाएगी। आरक्षण की अवधि
नियत दिनांक अथवा औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना दिनांक, जो भी बाद का हो,
उससे दो वर्ष तक रहेगी। भूखंड-भूमि की मात्रा छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं
भवन प्रबंधन नियम-2015 में वर्णित पात्रता के नियम और प्रविधान के अनुसार
होगी।
रायपुर । छत्तीसगढ़ के औद्योगिक
क्षेत्रों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए 10 प्रतिशत जमीन आरक्षित की
जाएगी। इस वर्ष गणतंत्र दिवस के अवसर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसकी घोषणा
की थी। वहीं, इस महीने की पहली तारीख को हुई कैबिनेट ने भी इस पर मुहर
लगाई है। इसके आधार पर उद्योग विभाग ने गुरुवार को इस संबंध में आदेश जारी
कर दिया है।
ओबीसी वर्ग के लोगों में उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए
सरकार ने यह फैसला लिया है। ओबीसी के लिए औद्योगिक जमीन आरक्षित करने के
साथ भू-प्रीमियम दर में 10 प्रतिशत दर और एक प्रतिशत भू-भाटक पर उपलब्ध
कराने की घोषणा मुख्यमंत्री ने की है। इस पर अमल के लिए औद्योगिक नीति
2019-24 में संशोधन करते हुए अधिसूचना जारी कर दी गई है।
वाणिज्य एवं
उद्योग विभाग की अधिसूचना के अनुसार राज्य के औद्योगिक क्षेत्रों में
उद्योग विभाग और छत्तीसगढ़ स्टेट इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड
के माध्यम से विकसित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में उद्योग व सेवा उद्यम
स्थापना के लिए ओबीसी वर्ग के लिए जमीन आरक्षित की जाएगी। आरक्षण की अवधि
नियत दिनांक अथवा औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना दिनांक, जो भी बाद का हो,
उससे दो वर्ष तक रहेगी। भूखंड-भूमि की मात्रा छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं
भवन प्रबंधन नियम-2015 में वर्णित पात्रता के नियम और प्रविधान के अनुसार
होगी।



Journalist खबरीलाल














