मॉस्को. रूस में मॉस्को से लेकर साइबेरिया तक रूस के
युद्ध विरोधी कार्यकर्ता यूक्रेन पर हमले के खिलाफ एक बार फिर से सड़कों पर
उतर गए हैं। प्रदर्शनकारियों पर पुलिस की कार्रवाई जारी है और हर दिन
सैकड़ों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने रविवार को शहर के केंद्रों में मार्च किया और वे
‘युद्ध नहीं’ के नारे लगा रहे थे। गौरतलब है कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन
ने रूस की परमाणु रोधी प्रणाली को हाई अलर्ट पर रखने का आदेश दिया है।
सैंट पीटर्सबर्ग में रैली में शामिल हुए 48 वर्षीय दमित्री मालत्सेव ने कहा
कि उनके दो बच्चे हैं और वह उन्हें खोना नहीं चाहतीं, क्योंकि जंग सभी के
लिए त्रासदी होती है।
रूस में हमले के खिलाफ प्रदर्शन बृहस्पतिवार को ही शुरू हो गए थे और तभी
से रोजÞ यह जारी हैं। रूस की पुलिस ने रैलियों पर कार्रवाई की है और
प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया है। क्रेमलिन ने प्रदर्शनों पर ध्यान
नहीं देते हुए इस बात पर जोर दिया है कि रूस का एक ज्यादा बड़ा तबका यूक्रेन
पर हमले के समर्थन में है। हजारों लोगों ने हाल के दिनों में खुले पत्रों के जरिये युद्ध को लेकर
विरोध जताया है और याचिकाओं पर हस्ताक्षर किए हैं जिनमें हमले की ंिनदा की
गई है। मशहूर हस्तियां और प्रसिद्ध टीवी शख्सियतों ने भी युद्ध के खिलाफ
आवाजÞ उठाई है।
मॉस्को. रूस में मॉस्को से लेकर साइबेरिया तक रूस के
युद्ध विरोधी कार्यकर्ता यूक्रेन पर हमले के खिलाफ एक बार फिर से सड़कों पर
उतर गए हैं। प्रदर्शनकारियों पर पुलिस की कार्रवाई जारी है और हर दिन
सैकड़ों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने रविवार को शहर के केंद्रों में मार्च किया और वे
‘युद्ध नहीं’ के नारे लगा रहे थे। गौरतलब है कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन
ने रूस की परमाणु रोधी प्रणाली को हाई अलर्ट पर रखने का आदेश दिया है।
सैंट पीटर्सबर्ग में रैली में शामिल हुए 48 वर्षीय दमित्री मालत्सेव ने कहा
कि उनके दो बच्चे हैं और वह उन्हें खोना नहीं चाहतीं, क्योंकि जंग सभी के
लिए त्रासदी होती है।
रूस में हमले के खिलाफ प्रदर्शन बृहस्पतिवार को ही शुरू हो गए थे और तभी
से रोजÞ यह जारी हैं। रूस की पुलिस ने रैलियों पर कार्रवाई की है और
प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया है। क्रेमलिन ने प्रदर्शनों पर ध्यान
नहीं देते हुए इस बात पर जोर दिया है कि रूस का एक ज्यादा बड़ा तबका यूक्रेन
पर हमले के समर्थन में है। हजारों लोगों ने हाल के दिनों में खुले पत्रों के जरिये युद्ध को लेकर
विरोध जताया है और याचिकाओं पर हस्ताक्षर किए हैं जिनमें हमले की ंिनदा की
गई है। मशहूर हस्तियां और प्रसिद्ध टीवी शख्सियतों ने भी युद्ध के खिलाफ
आवाजÞ उठाई है।



Journalist खबरीलाल














