दुनियाभर में हर साल 08 मार्च का दिन अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में
मनाया जाता है। इस दिन को मनाने का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों को
बढावा देना है। इसके अलावा महिला दिवस महिलाओं को सम्मान देने और उन्हें
स्पेशल फील करवाने के लिए भी मनाया जाता है। सालों से अंतर्राष्ट्रीय महिला
दिवस को एक थीम के साथ मनाया जा रहा है।
क्या है इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम-
इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम का नाम 'जेंडर इक्वालिटी टुडे फॉर ए सस्टेनेबल टुमारो' ('Gender Equality Today for a Sustainanble Tomorrow')
है।इस साल की थीम के अनुसार अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का कलर पर्पल-ग्रीन
और व्हाइट तय किया गया है,जो न्याय, गरिमा, उम्मीद और शुद्धता का प्रतीक
है। पहली बार 28 फरवरी, 1909 को सोशलिस्ट पार्टी ऑफ अमेरिका ने न्यूयॉर्क
में राष्ट्रीय महिला दिवस का आयोजन किया था। जिसका सुझाव लेबर एक्टिविस्ट Theresa Malkiel ने दिया था। अगर आप भी अपनी लाइफ में मौजूद सबसे स्पेशल महिला को यह खास दिन विश करना चाहते हैं तो भेजें अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस से जुड़े
ये खूबसूरत मैसेज और कोट्स।
नारी ही शक्ति है नर की,
नारी ही शोभा है घर की,
जो उसे उचित सम्मान मिले,
घर में खुशियों के फूल खिलें
महिला दिवस 2022 की हार्दिक शुभकामनाएं।
-जिसने बस त्याग ही त्याग किए,
जो बस दूसरों के लिए जिए,
फिर क्यों उसको धिक्कार दो,
उसे जीने का अधिकार दो।
महिला दिवस की शुभकामनाएं
-दिन की रोशनी ख्वाबों को बनाने में गुजर गई,
रात की नींद बच्चे को सुलाने में गुजर गई,
जिस घर में मेरे नाम की तख्ती भी नहीं,
सारी उम्र उस घर को सजाने में गुजर गई
Happy Women's Day
-हज़ारों फूल चाहिए एक माला बनाने के लिए,
हज़ारों दीपक चाहिए एक आरती सजाने के लिए,
हज़ारों बूंद चाहिए समुद्र बनाने के लिए,
पर एक “स्त्री” अकेली ही काफी है....
-पुरुष अपना भाग्य निर्माण नहीं करता,
उसके जीवन में मौजूद औरत अपने गुणों से
उसके लिए भाग्य का निर्माण करती है-
कार्ल मार्क्स
-हर दुख दर्द सह कर वो मुस्कुराती है,
पत्थरों की दीवारों को औरत ही घर बनाती है
कुछ लोग कहते हैं कि औरत का कोई घर नहीं होता है
लेकिन सच तो ये है कि औरत के बिना कोई घर नहीं होता है
हैप्पी विमेंस डे
-आंचल में ममता लिए हुए
नैनों से आंसू पिए हुए
सौंप दे जो पूरा जीवन
फिर क्यों आहत हो उसका मन
-नारी सशक्तिकरण का क्या अर्थ है,
अगर नारी का सम्मान ना कर सके तो सब व्यर्थ है।
दुनियाभर में हर साल 08 मार्च का दिन अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में
मनाया जाता है। इस दिन को मनाने का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों को
बढावा देना है। इसके अलावा महिला दिवस महिलाओं को सम्मान देने और उन्हें
स्पेशल फील करवाने के लिए भी मनाया जाता है। सालों से अंतर्राष्ट्रीय महिला
दिवस को एक थीम के साथ मनाया जा रहा है।
क्या है इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम-
इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम का नाम 'जेंडर इक्वालिटी टुडे फॉर ए सस्टेनेबल टुमारो' ('Gender Equality Today for a Sustainanble Tomorrow')
है।इस साल की थीम के अनुसार अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का कलर पर्पल-ग्रीन
और व्हाइट तय किया गया है,जो न्याय, गरिमा, उम्मीद और शुद्धता का प्रतीक
है। पहली बार 28 फरवरी, 1909 को सोशलिस्ट पार्टी ऑफ अमेरिका ने न्यूयॉर्क
में राष्ट्रीय महिला दिवस का आयोजन किया था। जिसका सुझाव लेबर एक्टिविस्ट Theresa Malkiel ने दिया था। अगर आप भी अपनी लाइफ में मौजूद सबसे स्पेशल महिला को यह खास दिन विश करना चाहते हैं तो भेजें अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस से जुड़े
ये खूबसूरत मैसेज और कोट्स।
नारी ही शक्ति है नर की,
नारी ही शोभा है घर की,
जो उसे उचित सम्मान मिले,
घर में खुशियों के फूल खिलें
महिला दिवस 2022 की हार्दिक शुभकामनाएं।
-जिसने बस त्याग ही त्याग किए,
जो बस दूसरों के लिए जिए,
फिर क्यों उसको धिक्कार दो,
उसे जीने का अधिकार दो।
महिला दिवस की शुभकामनाएं
-दिन की रोशनी ख्वाबों को बनाने में गुजर गई,
रात की नींद बच्चे को सुलाने में गुजर गई,
जिस घर में मेरे नाम की तख्ती भी नहीं,
सारी उम्र उस घर को सजाने में गुजर गई
Happy Women's Day
-हज़ारों फूल चाहिए एक माला बनाने के लिए,
हज़ारों दीपक चाहिए एक आरती सजाने के लिए,
हज़ारों बूंद चाहिए समुद्र बनाने के लिए,
पर एक “स्त्री” अकेली ही काफी है....
-पुरुष अपना भाग्य निर्माण नहीं करता,
उसके जीवन में मौजूद औरत अपने गुणों से
उसके लिए भाग्य का निर्माण करती है-
कार्ल मार्क्स
-हर दुख दर्द सह कर वो मुस्कुराती है,
पत्थरों की दीवारों को औरत ही घर बनाती है
कुछ लोग कहते हैं कि औरत का कोई घर नहीं होता है
लेकिन सच तो ये है कि औरत के बिना कोई घर नहीं होता है
हैप्पी विमेंस डे
-आंचल में ममता लिए हुए
नैनों से आंसू पिए हुए
सौंप दे जो पूरा जीवन
फिर क्यों आहत हो उसका मन
-नारी सशक्तिकरण का क्या अर्थ है,
अगर नारी का सम्मान ना कर सके तो सब व्यर्थ है।



Journalist खबरीलाल














